भुवनेश्वर कुमार ने किया खुलासा, बताया किसने दीपक चाहर को किया था प्रमोट

भुवनेश्वर कुमार ने किया खुलासा, बताया किसने दीपक चाहर को किया था प्रमोट

भारत के उप-कप्तान भुवनेश्वर कुमार ने बताया है कि दीपक चाहर को उनसे पहले भेजने का फैसला कोच राहुल द्रविड़ का था और उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ यहां दूसरे एकदिवसीय मैच में टीम को तीन विकेट से शानदार जीत दिलाने के लिए 'अद्भुत' पारी खेली और मुख्य कोच राहुल द्रविड़ के फैसले को सही ठहराया। चाहर ने नाबाद 69 रनों की पारी खेली और भुवनेश्वर (19) के साथ आठ विकेट के लिए 84 रन की अटूट साझेदारी की, जिससे भारत को तीन वनडे मैचों की सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त दिलाने में मदद की।

भुवनेश्वर कुमार ने मंगलवार की देर रात मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, "हमारा उद्देश्य आखिरी गेंद तक खेलना था, आखिरी ओवर तक, इसलिए हम इसे जितना संभव हो, उतना गहरा ले जाना चाहते थे, ताकि हम रन बना सकें। एकमात्र योजना आखिरी तक खेलने की थी, और जिस तरह से दीपक ने बल्लेबाजी की थी वह अद्भुत थी।" वहीं, राहुल द्रविड़ और दीपक चाहर के बीच हुई बातचीत को लेकर भी भुवी ने खुलासा किया।


उन्होंने बताया, "देखो, वह भारत ए या कुछ सीरीज में कोच राहुल द्रविड़ के अधीन खेल चुके हैं और उन्होंने वहां भी स्कोर किया था। इसलिए, द्रविड़ को पता था कि वह बल्लेबाजी कर सकते हैं और वह कुछ गेंदों को हिट कर सकते हैं, इसलिए यह उनका फैसला था। चाहर ने जिस तरह से बल्लेबाजी की, चाहर ने इस फैसले को सही साबित किया। हम सभी जानते हैं कि वह बल्लेबाजी कर सकता है, उसने कई बार रणजी ट्रॉफी में बल्लेबाजी की है, इसलिए यह कठिन कॉल नहीं था, लेकिन जिस तरह से उसने रन बनाए, उसे देखकर अच्छा लगा।"


चाहर और भुवनेश्वर ने भारत को पांच गेंद शेष रहते एक यादगार जीत दर्ज करने में मदद की। भुवनेश्वर कुमार ने खुद के और दीपक चाहर के बीच हुई साझेदारी के बारे में बताया, "केवल हमारे बीच यही बात और योजना थी कि हमें अंत तक खेलने है। हमने एक-दूसरे से कभी नहीं कहा कि यहां से हम जीत सकते हैं। जब हमें 1 रन (3 रन) की जरूरत थी तब भी हम एक बार में एक गेंद ले रहे थे। दीपक ने कभी भी रन रेट को छह से ऊपर नहीं जाने दिया।''


भुवी ने कहा, "दीपक ने लगभग जोखिम मुक्त शॉट खेले, जहां उन्होंने कुछ चौके लगाए और जरूरी रेट को छह से कम कर दिया। हमने कभी नहीं सोचा था कि हम जीतेंगे या हारेंगे। हम स्थिति के अनुसार खेल रहे थे और गेंद से गेंद ले रहे थे। द्रविड़, जो पहली बार सीनियर टीम को कोचिंग दे रहे हैं, टीम द्वारा खेले गए इस मैच से उत्साहित थे। आप तनाव में आ जाते हैं, खासकर जब आप बाहर बैठे हों, तो आप जानते हैं कि आमतौर पर ऐसा होता है। जब मैं बल्लेबाजी कर रहा था तो मैंने उसे ज्यादा नहीं देखा, लेकिन जब वह नीचे आया तो उसने बस हम दोनों को और पूरी टीम को बधाई दी।"


जिम्बाब्वे के ओपनर ने खेली धमाकेदार पारी, बांग्लादेश को दूसरे टी20 में मिली करारी मात

जिम्बाब्वे के ओपनर ने खेली धमाकेदार पारी, बांग्लादेश को दूसरे टी20 में मिली करारी मात

जिम्बाब्वे की टीम ने बांग्लादेश के खिलाफ खेली जा तीन मैचों की टी20 सीरीज में शानदार कामयाबी हासिल की। दूसरे मैच में मेजबान ने 23 रन से जीत दर्ज करते हुए सीरीज में 1-1 की बराबरी हासिल की। पहले बल्लेबाजी करते हुए जिम्बाब्वे की टीम ने 6 विकेट पर 166 रन की स्कोर खड़ा किया था। जवाब में बांग्लादेश की टीम 19.3 ओवर में 143 रन पर ही सिमट गई।

जिम्बाब्वे की टीम ने शुक्रवार को बांग्लादेश के खिलाफ दूसरे टी20 मुकाबले में 23 रन की शानदार जीत हासिल की। मेजबान टीम के कप्तान सिकंदर रजा ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला लिया था। ओपनर वेस्ले मादेवरले ने शानदार अर्धशतकीय पारी खेलकर टीम को बड़े स्कोर तक पहुंचाने की नींव तैयार की। दूसरे छोर पर उनको साथ नहीं मिला लेकिन अकेले दम पर ही टीम अच्छे स्कोर तक पहुंचाया।


57 गेंद पर इस बल्लेबाज ने 5 चौके और 3 छक्के की मदद से शानदार 73 रन की पारी खेली। इसके अलावा लियान बुरी ने नीचले क्रम में अच्छी बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 34 रन की पारी खेली। 19 गेंद पर 2 चौके और 2 छक्के की मदद से यह पारी खेलते हुए रियान ने टीम को 166 रन के स्कोर तक पहुंचाया।


जवाब में बांग्लादेश की तरफ से कोई भी बल्लेबाज कुछ खास नहीं कर पाया। शमीम हुसैन ने सबसे बड़ी 29 रन की पारी खेली जबकि अफीफ हुसैन ने 24 रन का योगदान दिया। टीम के पांच बल्लेबाज तो दहाई अंक तक भी नहीं पहुंच पाए। जिम्बाब्वे की तरफ से लुक जांग्वे और वेलिंग्टन मसाकातजा ने 3-3 विकेट चटकाए। तेंदाई चातारा और मुजरबानी ने 2-2 बल्लेबाजों को आउट किया।