विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन की विधानसभा सदस्यता पर नहीं पड़ेगा कोई असर

विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन की विधानसभा सदस्यता पर नहीं पड़ेगा कोई असर

देहरादून. अकसर किसी न किसी कारण विवादों में घिरते रहे बीजेपी के खानपुर विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन को पार्टी ने गुरुवार को पार्टी से निकाल दिया लेकिन इससे उनकी विधानसभा सदस्यता पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा. वह विधायक बने रहेंगे.

अपने कारनामों के कारण पार्टी की अंदरूनी जाँच व तीन महीने का निलंबन झेल रहे विधायक चैंपियन को सोशल मीडिया में मंगलवार को वायरल हुआ वीडियो भारी पड़ गया. असल में इस वीडियो में न केवल चैंपियन हथियार लहराते हुए नजर आए, बल्कि उन्होंने उत्तराखंड पर ऐसी आपत्तिजनक टिप्पणी कर डाली, जिससे सारे प्रदेश में उनके विरूद्ध जनाक्रोश भड़क उठा.

चैंपियन की हरकतों से पहले से ही असहज दशा से गुजर रही बीजेपी के लिए इस वीडियो ने संयम की सीमा को समाप्त कर दिया.यही वजह रही कि पहले बर्खास्तगी को लेकर नोटिस दे दस दिन में जवाब मांगने के बावजूद पार्टी ने उन्हें गुरुवार शाम को ही पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया. पिछले विधानसभा चुनाव में बीजेपी 70 सदस्यीय विधानसभा में 57 सीटों पर विजयी रही थी.

हालांकि, पिछले महीने कैबिनेट मंत्री प्रकाश पंत के असामयिक निधन के कारण यह संख्या घटकर 56 रह गई. इसके बावजूद पार्टी ने चैंपियन को बाहर का रास्ता दिखाने में कोई देरी नहीं की. हालांकि, इससे पार्टी की विधायक संख्या घटकर 55 रह जाएगी, लेकिन इससे पार्टी पर कोई प्रभाव नहीं पड़ने जा रहा है. अलबत्ता कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन की विधानसभा सदस्यता पर बीजेपीके इस फैसला का कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा व वह मेम्बर बने रहेंगे. चैंपियन की पार्टी से बर्खास्तगी के बाद उनकी विस सदस्यता की स्थिति को लेकर सम्पर्क करने पर विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने बोला कि जब उनके समक्ष यह विषय लाया जाएगा तब संविधान में उल्लिखित व्यवस्थाओं के अनुसार ही कोई फैसला लिया जाएगा.

चैंपियन के विरूद्ध आंदोलनकारी लामबंद

खानपुर विधायक कुंवर प्रणव चैंपियन के विवादित वीडियो से आंदोलनकारियों में उबाल है. राज्यभर के आंदोलनकारियों वसामाजिक संगठनों ने विधायक की निंदा करते हुए उनके विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की. इधर, राजधानी में सैकड़ों की संख्या में आंदोलनकारी कलक्ट्रेट पहुंचे व गुस्से का इजहार किया. साथ ही विधायक के विरूद्ध मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की गई.

उत्तराखंड प्रदेश आंदोलनकारी मंच से जुड़े आंदोलनकारी गुरुवार को कलक्ट्रेट पहुंचे. यहां शहीद स्थल पर मीटिंग करते हुए आंदोलनकारियों ने विधायक कुंवर प्रणव चैंपियन के सोशल मीडिया में वायरल हुए वीडियो पर चर्चा की. बोला कि विधायक ने जिस तरह से उत्तराखंड को लेकर अभद्र शब्दों का प्रयोग किया है, ऐसे में विधायक को इस प्रदेश में रहने का कोई हक नहीं है. मंच से जुड़े रविंद्र जुगरान, पृथ्वीसिंह नेगी, जगमोहन सिंह नेगी, ओमी उनियाल, प्रदीप कुकरेती आदि ने बोला कि 40 से ज्यादा शहीदों की वीरगति पर बने उत्तराखंड को लेकर इस तरह की आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करना आम जनमानस की भावनाओं को ठेस पहुंचाना है.

उन्होंने बोला कि जल्द सरकार इस मुद्दे में कड़ी कार्रवाई नहीं करती तो आंदोलनकारी सड़क पर लामबंद हो जाएंगे. कलक्ट्रेट में आंदोलनकारियों ने विधायक के विरूद्ध जमकर नारेबाजी करते शासन-प्रशासन से कार्रवाई की मांग की. इसके बाद एडीएम बीर सिंह बुदियाल को ज्ञापन सौंपते हुए विधायक के विरूद्ध मुकदमा दर्ज करने व गिरफ्तारी की मांग की. इसके अतिरिक्त प्रदेश के हरिद्वार, ऋषिकेश, टिहरी, उत्तरकाशी, पौड़ी, चमोली आदि जिलों में भी सामाजिक संगठनों ने विधायक के प्रति तीखी प्रक्रिया देते हुए कार्रवाई की मांग की. दून में हुए प्रदर्शन में रामलाल खंडूड़ी, राजेंद्र डोबरियाल, सुलोचना भट्ट, प्रभा नैथानी, रघुवीर सिंह, धर्मपाल रावत, लक्ष्मी सकलानी, पार्वती डोभाल, कांति देवी, पूनम मुंडेपी, विमला कुकरेती, सावित्री बड़ोनी, उमा थपलियाल, आदि शामिल रहे.

विधायक चैंपियन पर लगे रासुका: दर्शन भारती

खानपुर विधायक कुंवर प्रणव पर शराब पीते हुए हथियारों का प्रदर्शन व उत्तराखंड के संदर्भ में आपत्तिजनक बातें करने पर उत्तराखंड रक्षा अभियान के निर्माणकर्ता स्वामी दर्शन भारती ने रासुका लगाने की मांग की है. इसके साथ ही उन्होंने तुंगनाथ मंदिर में यूएई के कारोबारी को प्रवेश कराने वाले लोगों पर भी कार्रवाई करने की मांग की.

प्रेस क्लब में हुई प्रेसवार्ता में स्वामी दर्शन भारती ने बोला कि बीजेपी के खानपुर विधायक कुंवर प्रणव चैंपियन ने जो हरकत की है, वह बेहद शर्मनाक है. जिस तरह से उन्होंने शराब पीते हुए हथियारों का प्रदर्शन कर उत्तराखंड व उत्तराखंड के लोगों के लिए अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल किया है, उससे उत्तराखंड के लोगों के आत्मसम्मान को ठेस पहुंची है. उन्होंने बोला कि ऐसे विधायक के विरूद्ध रासुका लगनी चाहिए व उनके विरूद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए. उन्होंने सऊदी अरब के क्राउन का प्रतिनिधि बताकर एक यूएई कारोबारी अली राशिद के तुंगनाथ मंदिर के गर्भग्रह में जाकर पूजा करने को ङ्क्षहदू रीति-रिवाजों के विरूद्ध बताते हुए इसका भी विरोध किया है.

चैंपियन को जान का खतरा!

खानपुर विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन ने खुद को जान खतरा बताया है. उनकी ओर से डालनवाला इंस्पेक्टर को संबोधित एक तहरीर गुरुवार को सोशल मीडिया पर वायरल होती रही, लेकिन पुलिस ने तहरीर मिलने से साफ इंकार किया है.

असलहा लहराने का वीडियो वायरल होने के बाद से विधायक चैंपियन की चौतरफा किरकिरी हो रही है. सोशल मीडिया पर वायरल तहरीर में उन्होंने लिखा है कि कुछ लोगों सोशल मीडिया पर उन्हें लेकर अनाप-शनाप कह रहे हैं. लिहाजा उन्हें जान का खतरा है वउनके घर पर सुरक्षाकर्मी तैनात किए जाएं. उधर, बुधवार को गजेंद्र रावत निवासी नेहरू कॉलोनी ने नेहरू कॉलोनी थाने में तहरीर देकर चैंपियन पर मुकदमा दर्ज कराने की मांग की थी. एसएसपी निवेदिता कुकरेती ने बताया कि विधायक की ओर से कोई तहरीर नहीं मिली है. नेहरू कॉलोनी में उनके विरूद्ध जो तहरीर मिली है, उस पर विधिक राय ली जा रही है.

विधायक चैंपियन को फोन पर धमकी, पुलिस को दी तहरीर

खानपुर विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन के मोबाइल नंबर पर कोई आदमी अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए धमकी दे रहा है.चैंपियन के पर्सनल सहायक ने सिविल लाइन कोतवाली पुलिस को तहरीर देकर बताया कि चैंपियन के मोबाइल नंबर की कॉल उनके नबंर पर डायवर्ट है, इसलिए सभी फोन उनके पास आ रहे हैं. पर्सनल सहायक विनय चौधरी ने गुरुवार की रात सिविल लाइंस पुलिस को तहरीर दी है. तहरीर में आरोप लगाया कि विधायक चैंपियन के डायवर्ट फोन कॉल पर अभद्र भाषा का इस्तेमालकरते हुए धमकी दी जा रही है. यह फोन कॉल्स शाम करीब साढ़े छह बजे से आ रही है. पहली कॉल्स काटने के बाद उनके नंबर पर करीब 10 से 15 बार फोन किया गया. पर्सनल सहायक ने विधायक चैंपियन व उनके परिवार की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है.साथ ही इस मुद्दे में कार्रवाई की मांग की है.