बाइडन के साथ द्विपक्षीय बैठक करेंगे पीएम मोदी, जानें किन मुद्दों पर होगी बात

बाइडन के साथ द्विपक्षीय बैठक करेंगे पीएम मोदी, जानें किन मुद्दों पर होगी बात

अमेरिकी राष्‍ट्रपति जो बाइडन 24 सितंबर को वाशिंगटन में क्वाड समूह की बैठक की मेजबानी करेंगे। व्यक्तिगत मौजूदगी वाले इस पहले क्वाड शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी शामिल होंगे। इस शिखर सम्मेलन पर पूरी दुनिया की नजरें हैं। इस बीच बैठक से पहले अमेरिका ने अमेरिका ने कहा है कि शुक्रवार को पीएम मोदी के साथ राष्‍ट्रपति बाइडन की पहली इन-पर्सन बैठक होगी। इसमें आतंकवाद की चुनौती से लड़ने के मुद्दे पर चर्चा हो सकती है।

समाचार एजेंसी एएनआइ के मुताबिक बाइडन प्रशासन के एक वरिष्‍ठ अधिकारी ने बताया कि शुक्रवार को पीएम मोदी की राष्‍ट्रपति बाइडन के साथ होने वाली पहली इन-पर्सन बैठक भारत के साथ हमारी साझेदारी, स्वतंत्र और खुले इंडो-पैसिफिक को बनाए रखने के लिए एक साथ काम करने के मुद्दे पर चर्चा करने का एक मौका होगी। अधिकारी के मुताबिक इस द्विपक्षीय वार्ता में पीएम मोदी और राष्‍ट्रपति बाइडन को आतंकवाद के खतरे और अफगानिस्तान में मौजूदा हालात पर भी बात करने का मौका मिलेगा।


अधिकारी ने बताया कि द्विपक्षीय वार्ता में इस मसले पर भी चर्चा हो सकती है कि आतंकवाद से लड़ने के लिए भारत और अमेरिका कैसे एक साथ काम कर सकते हैं। उन्‍होंने यह भी कहा कि अमेरिका और भारत के बीच संबंध सरकार से सरकार के बीच द्व‍िपक्षीय रिश्‍तों से भी ज्यादा गहरे हैं। असल में यह दो लोगों के बीच का रिश्ता है। इसमें कुछ घोषणाएं कोरोना महामारी पर भी होंगी। साल के अंत तक क्वाड देशों के माध्यम से एक अरब टीके बनाने की प्रतिबद्धता थी।


इससे पहले राष्ट्रपति के कार्यक्रम के बारे में जानकारी देते हुए व्हाइट हाउस की ओर से भी बताया गया कि जो बाइडन 24 सितंबर को व्हाइट हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठक करेंगे। बाइडन जापान के प्रधानमंत्री योशीहिदे सुगा से भी मुलाकात करेंगे। माना जा रहा है कि इस बैठक के जरिए चीन और पाकिस्‍तान की जुगलबंदी को भी करारा जवाब मिलेगा।


पाकिस्तान: नवाज की वापसी पर गृह मंत्री शेख रशीद का बड़ा बयान, कहा- 'बेमतलब की बातें'

पाकिस्तान: नवाज की वापसी पर गृह मंत्री शेख रशीद का बड़ा बयान, कहा- 'बेमतलब की बातें'

पूर्व पीएम नवाज शरीफ की संभावित वापसी की अफवाहों के बीच, पाक के गृह मंत्री शेख रशीद अहमद ने बुधवार को बोला कि शरीफ के लौटने की बातें बेमतलब की हैं जो विपक्ष मीडिया का ध्यान आकर्षित करने के लिए कर रहा है.

एक न्यायालय ने शरीफ को करप्शन के मुद्दे में कारागार की सजा सुनाई थी जिसके बाद लाहौर हाई कोर्ट ने 2019 में उन्हें चिकित्सकीय आधार पर चार हफ्ते के लिए लंदन जाने की इजाजत दी थी.

हालांकि, लंदन जाने के बाद से शरीफ पाक नहीं लौटे हैं. उनकी पार्टी का बोलना है कि डॉक्टरों की सलाह पर 71 वर्षीय शरीफ देश वापस लौटेंगे. गृह मंत्री ने कहा, 'शरीफ के वापस आने को बेवजह तूल दिया जा रहा है.' रावलपिंडी में रशीद ने मीडिया से व्यंग्यात्मक लहजे में बोला कि शरीफ के लिए पाक लौटने का एक तरफ का टिकट देने का उनका प्रस्ताव आज भी है. उन्होंने यह भी बोला कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि जिन लोगों ने अपनी ज्यादातर जीवन पाक में गुजारी वह देश को प्यार करने की बजाय उसे छोड़कर चले गए

सेना के साथ 'बेहतर' हुआ शरीफ का तालमेल पाकिस्तान में अगले आम चुनाव से पहले पीएमएल-एन सुप्रीमो और पूर्व पीएम नवाज शरीफ की संभावित वापसी की अफवाहों को लेकर तीखी बहस छिड़ गई है. पीएमएल-एन के अध्यक्ष शहबाज शरीफ, जो पूर्व पीएम के भाई भी हैं, उन्होंने साफ तौर पर बोला कि नवाज शरीफ पूरी तरह से ठीक होने तक वापस नहीं आएंगे. नवाज शरीफ की वापसी की अटकलें ऐसे समय पर लगाई जा रही हैं जब बोला जा रहा है कि सेना के साथ उनका तालमेल फिर से ठीक हो गया है.


'नवाज शरीफ से हार गई नकली सरकार'शनिवार को जारी एक बयान में, शहबाज शरीफ ने बोला कि नवाज शरीफ ब्रिटेन में कानूनी रूप से तब तक रह सकते हैं जब तक कि ब्रिटिश गृह ऑफिस द्वारा वीजा बढ़ाने की अस्वीकृति के विरूद्ध उनकी अपील पर आव्रजन न्यायाधिकरण नियम नहीं बनाते. इस बीच, पीएमएल-एन की उपाध्यक्ष मरियम नवाज ने एक ट्वीट में बोला , 'इस नकली सरकार ने नवाज शरीफ से अपनी हार स्वीकार कर ली है, जो पाक का वर्तमान और भविष्य है. एक बड़े व्यक्तित्व को निशाना बनाकर, एक पिग्मी का कद ऊंचा नहीं किया जा सकता है.'