करी पत्‍ते खाने के होते हैं ये जबरदस्त फायदे

करी पत्‍ते खाने के होते हैं ये जबरदस्त फायदे

हमारे खाने का स्वाद करी पत्‍ते से जायकेदार हो जाता है। कढ़ी हो या सांभर या फिर ढोकले, ऐसी कई डिश हैं जिनका मजा करी पत्‍ते के बिना अधूरा है. लेकिन करी पत्‍ता खाने का केवल स्‍वाद और खुशबू नहीं बढ़ाता बल्कि वो आपको ऐसे ढेरों फायदे देता है जो आपकी सेहत और सुंदरता से जुड़े हैं। खाने में करी पत्ते का उपयोग कई राज्‍यों में होता है लेकिन दक्षिण भारतीय डिश में करी पत्‍ते का इस्‍तेमाल खास तौर पर किया जाता है।

करी पत्‍ते खाने के फायदे:

डाइबिटीज के रोगियों को कड़वी नीम खाने के लिए भी कहा जाता है। भोजन में करी पत्‍ते का इस्‍तेमाल ब्लड शुगर को नियंत्रित करता है।

कफ होने, कफ सूख जाने या फेफड़ों में कफ जम जाने पर भी करी पत्‍ते का रोजाना सेवन करने से फायदा मिलता है। इसके लिए भोजन में करी पत्‍ता खाने के अलावा इसे पीसकर या फिर इन्‍हें सुखाकर इनका पाउडर शहद के साथ खाना चाहिए।

जिन लोगों को पाचन संबंधी समस्या हो या फिर दस्त लगने पर करी पत्ते को पीसकर छाछ में मिलाकर पीने से पेट की गड़बड़ी दूर होती है।

करी पत्‍ते में पाया जाने वाला आयरन और फॉलिक एसिड शरीर को आयरन सोखने में मदद करता है और एनीमिया जैसी समस्याओं से आपको बचाता है।

पुराने मुंहासों या अन्‍य स्किन डिसीज के लिए रोजाना करी पत्‍ता खाना और इन्‍हें अच्‍छी तरह धोकर पेस्‍ट बनाकर लगाने से भी फायदा मिलता है।


गर्भावस्था में थायराइड का रखें विशेष ध्यान, महिलाएं जरूर जानें ये बात

गर्भावस्था में थायराइड का रखें विशेष ध्यान, महिलाएं जरूर जानें ये बात

अक्सर हाइपोथायरोडिज्म अधिकतर महिलाओं को होता है, जिसमें थायराइड ग्लैंड उचित मात्रा में हर्मोन नहीं बना पाता है। ये एक आम बीमारी है और आजकल भारत में 10 में से 1 के लिए ये रिस्क बना हुआ है। जिसमें प्रेग्नेंट महिला 13 प्रतिशत से 44 प्रतिशत प्रभावित है। थायराइड में डिसऔर्डर माँ और बच्चा दोनों के लिए घातक होती है।

थायराइड का रखें विशेष ध्यान:

महिलाओं की हाइपोथायराडिज्म होता है,जिसमें थायराड ग्लैंड उचित मात्रा में हर्मोन नहीं बनाता, ऐसे में सही समय में इसका इलाज करना जरुरी है ,क्योंकि इसका सौ प्रतिशत इलाज संभव है। इससे पीड़ित महिलाओं में अनियमित माहवारी और गर्भधारण करने में मुश्किल महसूस होती है।

इसलिए गर्भधारण के तुरंत बाद टीएसएच की जांच करवा लेनी चाहिए,क्योंकि इसका प्रारंभिक लक्षण बहुत अधिक दिखाई नहीं पड़ता, इसलिए महिलाएं इसे नजरअंदाज करती है।

इसके शुरूआती लक्षणों में चेहरे पर सूजन, त्वचा में सिकुडन, ठंड सहन न कर पाना, अचानक तेजी से वजन का बढ़ना, कब्ज की परेशानी, मांस पेशियों में ऐठन आदि है। ऐसा महसूस होते ही तुरंत डॉक्टर से मिलकर थायराइड स्क्रीनिंग अवश्य करवाएं।